इंतज़ार मेरा और एतबार तेरा था - डाॅ फौज़िया नसीम शाद

 

इंतज़ार मेरा और एतबार तेरा था - डाॅ फौज़िया नसीम शाद

May 04, 2024 | कविताएं - शायरी - ग़ज़ल | डाॅ फौज़िया नसीम शाद |  👁 6,252


क़ायम कितना रहा कोई खुदा जाने ,
इंतज़ार मेरा और एतबार तेरा था ।


----डाॅ फौज़िया नसीम शाद


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